उत्तरकाशी में साहसिक पर्यटन को बढ़ावा दिया जाएगा : त्रिवेन्द्र रावत,निम में दो दिवसीय माउंटेनियरिंग समिट कार्यक्रम का किया उद्धघाटन
उत्तरकाशी
नेहरू पर्वतारोहण संस्थान उत्तरकाशी मेंं जिला प्रशासन व नेहरू संस्थान के सयुंक्त रूप से जनपद में पहली बार दो दिवसीय माउंटेनियरिंग समिट कार्यक्रम के बत्तौर मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस दौरान जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने सभी मुख्य अतिथियों को मोमेंटो भेंट किया।
मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र रावत ने कहा कि
जिले में साहसिक पर्यटन को बढ़ावा देंगे राज्य सरकार ने एडवेंचर का अलग से एक विभाग बनाने का निर्णय लिया है । उन्होंने समिट में कहा कि साहसिक पर्यटन को लेकर जो भी सुझाव आये हैं उन पर विचार किया जाएगा। ।
इस दौरान गंगोत्री विधायक ने कहा कि पर्यटन को लेकर आज होम स्टे योजना साकार हो रही है। उन्होंने गंगोत्री घाटी के कई ट्रेकिंग मार्गों को विकसित करने की मांग उठाई।
कार्यक्रम के एनआईएम की ओर से कैप्टन सुदेश ने गंगोत्री घाटी व नजदीकी ग्लेशियर में शीतकाल में साहसिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिये वन विभाग की बंदिशें हटाने की मांग की। उन्होंने मुख्यमंत्री से साहसिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिये सहूलियतें देने की भी मांग की। समिट का समापन करते हुये यमुनोत्री क्षेत्र के विधायक केदार सिंह रावत ने कहा कि उत्तरकाशी जिले मैं पर्यटक की अपार संभावनाएं हैं यहां हरकीदून ,हनुमान चट्टी सहित कई स्थानों में ऐसे बुग्याल है जो पर्यटकों के रिझाने के लिए काफी हैं।
कार्यक्रम शुभारंभ से पूर्व मुख्यमंत्री ने जिले की 89 करोड़ की लागत से पुरोला,यमुनोत्री, गंगोत्री विधानसभा की कुल 27 योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास भी किया गया कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष रमेश चौहान, भटवाडी ब्लॉक प्रमुख विनीता रावत, नगर पालिका अध्यक्ष रमेश सेमवाल, स्वराज विद्वान, पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष श्याम डोभाल, जगमोहन सिंह रावत लोकेंद्र सिंह बिष्ट
सचिव दिलीप जावलकर,एसपी पंकज भट्ट, निम के प्रधानाचार्य कर्नल अमित बिष्ट , उपजिलाधिकारी भटवाड़ी देवेन्द्र सिंह नेगी, समेत दर्जनों आदि मौजूद रहे।
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